दीनदयाल रोड की दुर्दशा को सुधार देने का वादा किया था
तेघड़ा से आर एम न्यूज़ मीडिया संवाददाता अशोक कुमार ठाकुर की खास रिपोर्ट
जब से बरौनी नगर परिषद का गठन हुआ है। तभी से परिषद के अधिकारी,चेयरमैन उपचेयरमेन एवं पार्षदों में एक मत होकर कार्य करने की पहल कभी भी करते हुए नहीं देखा गया है। सदा एक दूसरे में आरोप- प्रत्यारोप का सिलसिला ही चलता रहा है। और क्षेत्र की जनता जो वर्षों से नगर परिषद की गठन की ओर आश लगाए हुए विकास की नजरिया से देख रहे थे, उनके हृदय पर काफी चोट पहुंच रहा है। चुकी योजनाओं का बंदर- बाट होना ही बताया जा रहा है। नगर परिषद क्षेत्र में शोकहारा एवं फुलवरिया की सीमाना कहे जाने वाले दीनदयाल रोड, बरसों से नर्क से निकालने की राह देख रही थी। उक्त सड़क संत समाज के मंदिर के पास के सामने से हमेशा कीचरों से भरा हुआ मार्ग रहता है। जिसके लिए कई योजनाओं से कई नालाओं का निर्माण हुआ। लेकिन सभी कार्य का असर उक्त सड़क से चलने वाले लोगों को एवं स्थानीय वासियो को कीचड़ो में चलना सदैव मजबूरी बनता ही गया। जबकि सबों के बीच सड़क को सही करने की चर्चा होती ही रही है। किसी तरह का पूजा पाठ या फंक्शन में उक्त मार्ग से चलना लोगों के लिए नर्क से गुजरने के समान जिससे लोगों को घोर कठिनाइयों का सामना करना मजबूरी बन रहा। इस प्रसंग में बरौनी नगर परिषद के अध्यक्ष(चेयरमैन) से एक वरिष्ठ संवाददाता के द्वारा थाना परिसर में मेले को लेकर शांति समिति की बैठक में जब पूछा गया। तो उन्होंने कहा कि गंदगी को तो अवश्य मिटाना है ,इटा बिछा दिया गया है, उस पर रोलर चलकर सड़क को तंदुरुस्त कर दिया जाएगा। लेकिन निकला ढाक के तीन पात।
स्थानीय लोगों के अनुसार रविवार को दर्जनो प्रतिमाओं का उसे मार्ग से चलना अभी भी संभव नहीं गुजर रहा है। क्योंकि सड़क की दुर्दशा देखकर ऐसा संभव नहीं लगता।
बताया जाता है कि तीन-चार दिन पूर्व कई प्रतिनिधियों ने उक्त मार्ग की दुर्दशा की जांच की थी।तो क्या, माता भगवती एवं काली की प्रतिमा उक्त मार्ग से जब निकलेगी तो भक्तों को पूर्व की तरह ही घोर कठिनाइयों का सामना करना पड़ेगा । जो चिंता का विषय है ।



