अंतराष्ट्रीय वृद्धजन दिवस पर बुनियाद केंद्र में पर सम्मान समारोह के साथ ही कानूनी अधिकारों से बुजुर्गों को अवगत कराया गया।
तेघड़ा से आर एम न्यूज़ मीडिया संवाददाता अशोक कुमार ठाकुर की खास रिपोर्ट
तेघड़ा /बेगूसराय
अंतर्राष्ट्रीय वृद्धजन दिवस के अवसर पर 1 अक्टूबर मंगलवार को तेघड़ा अनुमंडलीय बुनियाद केंद्र के परिसर में वृद्धजन कानूनी जागरूकता शिविर सह सम्मान समारोह का आयोजन किया गया बुनियाद केंद्र के प्रभारी प्रबंधक संयुक्त कुमारी ने आयोजित कार्यक्रमको संबोधित करते हुए कहा कि बुजुर्ग घर की नींव होते हें, लेकिन वर्तमान समय में आधुनिकता के दौर में लोग अपने घर के बुजुर्ग को भूलते जा रहे हें।और उनके साथ दुर्व्यवहार करते हें।मां-बाप उन्हें बचपन से पाल पोष कर उन्हें समाज में चलने योग्य बनाते हें। बुढ़ापे में वही संतान मां-बाप को या तो वृद्ध आश्रम में छोड़ आती है, या फिर घर के किसी कोने में असहाय छोड़ देती है। दुःख की बात ये है कि, बुजुर्ग भी अपनी किस्मत मानकर उनकी इस ताड़ना को सहते हें। आज अंतर्राष्ट्रीय वृद्धजन दिवस पर बुजुर्गों के हित की बात होती है। बुनियाद केंद्र के विपिन कुमार ने कहा कि अंतर्राष्ट्रीय वृद्धजन दिवस का उद्देश्य बुजुर्गों के प्रति लोगों को जागरूक करना है। इस बार अंतर्राष्ट्रीय वृद्धजन दिवस की थीम, सम्मान के साथ वृद्धावस्था: "दुनिया भर में हर वर्ष आज के दिन बुजुर्गों के स्वास्थ्य, उनके अधिकार और उनकी सुरक्षा पर चर्चा की जाती है। साथ ही लोगों को जागरूक किया जाता है। सबसे मजबूत अधिकार सीनियर सिटीजन एक्ट 2007 है जो उन्हें बुजुर्गो को बेहद पावरफुल बनता है। उन्होंने बताया कि इस एक्ट में जिनकी उम्र 60 साल या उससे अधिक ।आवश्यकता पड़ने पर वह इसका इस्तेमाल कर सकते हें। मां मौके पर वृद्धजन संघ की अध्यक्ष कृष्णा देवी, राजेंद्र महतो, राजेंद्र दास ,रामविलास शर्मा, अशोक कुमार राय, विष्णु देव महतो, अहमद हुसैन सहित दर्जनों वृद्धजनों को अंग वस्त्र एवं पुष्प की माला पहनकर सम्मानित किया गया


