दुर्गा पूजा पंडालों में अग्नि सुरक्षा का जायजाः बरौनी फायर ब्रिगेड की टीम ने पूजा समितियों को दिए कड़े निर्देश
संवाददाता मुकेश कुमार बीहट
आगामी दुर्गा पूजा के भव्य आयोजनों और मेलों को सुरक्षित माहौल में संपन्न कराने के उद्देश्य से अनुमंडल अग्निशालय बरौनी की टीम रविवार को पूरी तरह अलर्ट मोड में नजर आई। फायर स्टेशन कर्मियों ने उन सभी प्रमुख स्थलों का विस्तृत दौरा किया, जहां दुर्गा पूजा मेला आयोजित होता है और विशाल पूजा पंडालों का निर्माण कार्य चल रहा है।
अग्निशमन टीम ने बथौली, तिलरथ, पिपरा देवस समेत कई क्षेत्रों का भ्रमण कर स्थानीय दुर्गा पूजा समितियों के पदाधिकारियों और सदस्यों से सीधे मुलाकात की। इस दौरान टीम ने पंडालों के निर्माण और अग्निशामक व्यवस्थाओं को लेकर कई महत्वपूर्ण निर्देश जारी किए।दुर्घटना से निपटने के लिए दिए गए ये निर्देशःअग्निशमन विभाग के अधिकारियों ने पूजा समितियों को स्पष्ट रूप से बताया कि किसी भी अप्रत्याशित हादसे या आगजनी की घटना से तुरंत निपटने के लिए हर पंडाल में पर्याप्त सुरक्षा इंतजाम होने अनिवार्य हैं।अनिवार्य संसाधनः प्रत्येक पंडाल में आवश्यकतानुसार कम से कम 2 ड्रम पानी, बालू से भरी बाल्टियां तथा अग्निशामक यंत्र खना अनिवार्य किया गया है।
सुरक्षा मानकः विद्युत वायरिंग की गुणवत्ता, आपातकालीन निकास द्वार और ज्वलनशील पदार्थों के सुरक्षित प्रयोग को लेकर समिति को विस्तृत जानकारी दी गई।मौके पर मौजूद अधिकारी व कर्मी:सुरक्षा जांच और जागरूकता अभियान के दौरान मौके पर मुख्य रूप से अधिकारी जगदीश राम, प्रधान अग्निक शिवराज, प्रधान चालक चंदन कुमार, अग्निक मनीष कुमार एवं अग्निक श्वेता कुमारी समेत फायर ब्रिगेड के अन्य कर्मी उपस्थित रहेअधिकारियों ने कहा कि त्यौहार के दौरान श्रद्धालुओं की सुरक्षा सर्वोपरि है, और इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। सभी पूजा समितियों को अग्निशमन नियमों का शत-प्रतिशत पालन करने का निर्देश दिया गया है।



