साहित्य के प्रति प्रेम से समाज की बुराइयों को दूर किया जा सकता है: खेल मंत्री सुरेंद्र मेहता
तेघड़ा के डीपीएस स्कूल में भव्य कवि सम्मेलन में कवियों और साहित्यकारों ने दी एक से बढ़कर एक प्रस्तुति।
सच आज तक संवाददाता अशोक कुमार ठाकुर की खास रिपोर्ट
तेघड़ा नेशनल हाईवे 28 स्थित डीपीएस स्कूल के प्रांगण में तरुण सांस्कृतिक चेतना समिति बेगूसराय के तत्वाधान में विशाल कवि सम्मेलन का आयोजन किया गया, जिसमें विभिन्न जिलों से आये वरिष्ठ कवियों ने काव्यपाठ कर रिकार्ड कायम किया। कवि सम्मेलन का विधिवत उद्घाटन मुख्य अतिथि बिहार सरकार के खेल मंत्री सुरेंद्र मेहता एवं विशिष्ट अतिथि एयर फोर्स के वरिष्ठ पदाधिकारी से सेवा निवृत समाजसेवी चंद्र प्रकाश सिंह आनंद जी , वरिष्ठ साहित्यकार डॉक्टर सच्चिदानंद पाठक एवं डॉ महेशचंद्र चौरसिया, सीताराम शेरपुरी ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित कर किया। खेल मंत्री सुरेंद्र मेहता ने कहा कि साहित्य केवल समाज का दर्पण ही नहीं बल्कि मानसिक और शारीरिक विकारों को दूर करने का एक प्रयास भी है। उन्होंने आयोजकों के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि तेघड़ा जैसे साहित्यिक क्षेत्र में साहित्य की अलख जगाना अपने आप में एक मिसाल है। यहां दूर-दूर से रचनाकारों का समागम करवाना मंच की सबसे बड़ी सफलता है। विशिष्ट अतिथि चंद्र प्रकाश सिंह आनंद जी ने कहा कि साहित्य हर एक के मन में बसा हुआ है फर्क सिर्फ इतना है कि कुछ लोग इस शब्दबद्ध और लब्बद्ध कर पाते हें। और कुछ अपनी भावनाओं को अन्य रूपों में प्रकट करते हें।तरुण सांस्कृतिक चेतना समिति के अध्यक्ष आनंद कुमार जायसवाल एवं सचिव मिंटू झा ने आगत अतिथियों का स्वागत मिथिला के पाग, चादर और मोमेंटो देखकर सम्मानित करते हुए धन्यवाद ज्ञापन किया। बेगूसराय से पधारे सुप्रसिद्ध साहित्यकार सह शिक्षाविद् डॉ सच्चिदानंद पाठक ने आबादी बढ़ी है इंसान घटा है। एवं सुनो दुनियावालों गाकर सामाजिक परिवर्तन के क्षेत्र में नव वर्ष का आगाज किया। अध्यक्षता कर रहे खड़कपुर से आए पूर्व प्राचार्य चर्चित साहित्यकार डॉ महेश चंद्र चौरसिया द्वारा सुरक्षित कविता आम की डाल पर चहके कोयलिया गाकर देश प्रेम के प्रति भक्ति का रस प्रवाहित कर दिया।मंच संचालन करते हुए वरिष्ठ कवि सीताराम शेर पुरी ने सपने होंगें सच "शीर्षक काव्यपाठ कर श्रोताओं की हौसला अफजाई की ।डॉ अर्चना चौधरी ने सरस्वती वंदना का मंचन किया, कवित्री रंजन लता ने एक से एक प्रस्तुति के माध्यम से श्रोताओं को झूमने मने पर मजबूर कर दिया। मौके पर दीपक कुमार राय, संध्या कुमारी ,अशोक चौधरी, अरविंद झा ,चंद्र मोहन झा ,दिवाकर झा ,कैप्टन अमोद कुमार, राम शंकर सिंह राजीव कुमार सिंह आदि मौजूद थे।





