डॉल्फिन खोजने पहुंचे बिहार के बेगूसराय जिले के सिमरिया गंगा जी में देशी मत्स्य विधिवत डॉल्फिन के संबंध में सर्वेक्षण किया जा रहा है
बेगूसराय आरएम न्यूज संवाददाता रामाधार सहनी की खास रिपोर्ट आरएम न्यूज़ में खबरों के लिए संपर्क करें 9534457880
आईसीएआर-केंद्रीय अंतर्देशीय मत्स्य अनुसंधान संस्थान, सिमरिया धाम नमामि गंगे कार्यक्रम के तहत 'सर्वे और जागरूकता कार्यक्रम-2023 आयोजन को महत्वपूर्ण बनाने के लिए, संस्थान बिहार ,बेगूसराय मछली पकड़ने, मछुआरों की आबादी, मछुआरों की आजीविका के लिए सर्वेक्षण और जन जागरूकता अभियान। गंगा नदी के संरक्षण और जीर्णोद्धार के लिए स्वच्छ गंगा प्रायोजित परियोजना के लिए राष्ट्रीय मिशन के मुख्य उद्देश्यों में गंगा नदी प्रणाली की मछली विविधता का संरक्षण और बहाली शामिल है सीआईएफआरआई बैरकपुर के निर्देशक डॉ.बसन्त कुमार दास के मार्गदर्शन में शोधार्थियों की टीम पानठारा मे देशेय प्रजाति मछली,हिल्सा एवं गंगा डॉल्फिन संरक्षण संबंध शोध कार्य एवं इससे संबंधित जागरूकता के लिए ज़िले में आई हुई हैं।यह सर्वेक्षण कार्यक्रम सिमारिया घाट में आयोजित हुआ और देशी मछली प्रजातियों के संरक्षण के संबंध में जन जागरूकता पैदा करने के लिए स्थानीय मछुआरों से मिलते है, जो पिछले कुछ वर्षों में कम हो गया है भाकृअनुप-सिफरी, बैरकपुर के अनुसंधान पूना चंद्र, सिवाली कुमारी ,वैज्ञानिक कैनसिवाल कुमारी दल की उपस्थिति में संवेदीकरण किया गया।सीआईएफआरआई के वैज्ञानिक, डॉ. कैनसियाल जॉनसन ने कहा, "इलेक्ट्रिक फिशिंग और विषाक्तता जैसे अवैध और विनाशकारी मछली पकड़ने के तरीकों के उपयोग और गंगा के मछली उत्पादन पर इसके व्यापक प्रभाव के कारण स्वदेशी मछली प्रजातियों में वर्षों से गिरावट आ रही है।पूरे कार्यक्रम का संचालन सीआईएफआरआई, टीम (डॉ कैंसियाल जॉनसन, अर्घ्य कुनुई, श्रेया रॉय और पूर्ण चंद्रा) बेगूसराय जिला कार्यकर्ता तेघड़ा (पूर्व मतस्य मंत्री अशोक सहनी) एवं स्थानीय मछुआरा समिति सदस्य (जितेन्द्र सहनी) अन्य अनुभव जीतन सहनी, कुमो सहनी,किशोर सहनी,महेश्वर सहनी, रामजपो सहनी,सेवक सहनी ,रामचलितर सहनी, पंकज सहनी, मोहन , रामविलास, धुरन,रामरतन, तेघड़ा मतस्य अध्यक्ष गनेश सहनी द्वारा किया गया था।



