राष्ट्रकवि दिनकर की रचना हमें मनुष्य बनाती है: सिद्धार्थ।
राष्ट्रकवि दिनकर की 117 वीं जयंती समारोह के छठे दिन सिमरिया पहुंचे राज्य के विकास आयुक्त एस सिद्धार्थ और अन्य।
बीहट बेगूसराय संवाददाता मुकेश कुमार की रिपोर्ट
राष्ट्रकवि रामधारी सिंह दिनकर की 117 वीं जयंती के छठे दिन बुधवार को दिनकर उच्च विद्यालय सिमरिया में कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस मौके पर राज्य के विकास आयुक्त एस सिद्धार्थ पहुंचकर बच्चों को दिनकर की रचना सुनाकर प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि दिनकर जन्मभूमि आकर मेरा एक तीर्थ पूर्ण हुआ। दिनकर की रचना हमें मनुष्य बनाता हैं।
प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी सुभाष कुमार ने कहा कि कलम में देश बदलने की शक्ति होती है। रंगकर्मी अनिल पतंग ने कहा कि बच्चे दिनकर से प्रेम करना सीखें। उनकी रचना को । आत्मसात करें। दिनकर पुस्तकालय के अध्यक्ष विश्वंभर सिंह ने कहा कि दिनकर की रचना को पढ़ने और उसे जीवन में उतारने से हम जीवन के हर आयामों में सफल हो सकते हैं। कार्यक्रम की अध्यक्षता दिनकर स्मृति विकास समिति के अध्यक्ष कृष्ण कुमार शर्मा ने किया। स्वागत भाषण कोषाध्यक्ष रामनाथ सिंह ने एवं
दिनकर की 117 वीं जयंती के छठे दिन सिमरिया पहुंचे विकास आयुक्त एस सिद्धार्थ
संचालन शिक्षिका लोपा मुद्रा ने किया। स्वागत गान स्कूल के शिक्षक सुनील कुमार के मार्गदर्शन में बच्चों ने किया। धन्यवाद ज्ञापन विद्यालय के प्राचार्य कुलदीप सिंह यादव ने दिया।
उन्होंने कहा कि दिनकर जयंती समारोह से बच्चों में मानव चेतना विकसित हो रही है। आयुषी, लक्ष्मी, आरती, लवली, मीनाक्षी, पल्लवी, रुशिका, कुमकुम, आरती, करिश्मा, समर प्रियांशु, अभिषेक, मारुति, राघव आदि छात्र छात्रों ने दिनकर की कविताओं का सस्वर पाठ किया।
मौके पर विद्यालय के शिक्षक सुबोध कुमार, सुनील कुमार, संजय कुमार, शंभू कुमार एवं शिक्षिका काजल कुमारी, रंजू कुमारी, जुली कुमारी, विनीता कुमारी और सैकड़ो छात्र-छात्राएं एवं दिनकर स्मृति विकास समिति के सदस्य राजेंद्र राय, एके मनीष, जितेंद्र


