जन सुराज पार्टी का समता जनसंवाद कार्यक्रम आयोजित पूर्व केंद्रीय मंत्री ने किया उद्घाटन। बेगूसराय जिला अंतर्गत बरौनी के एक निजी होटल में
में जन सुराज पार्टी द्वारा जन सुराज समता जनसंवाद कार्यक्रम का आयोजन किया गया। उद्घाटन पूर्व केन्द्रीय मंत्री देवेन्द्र प्रसाद यादव ने किया। उन्होंने कहा कि आजादी के 77 वर्ष बाद भी सामाजिक और...
सच आज तक संवाददाता अशोक कुमार ठाकुर की खास रिपोर्ट
बरौनी डेयरी रोड के एक निजी होटल में शनिवार को जन सुराज पार्टी के तत्वावधान में जन सुराज समता जनसंवाद कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इसका उद्घाटन पूर्व केन्द्रीय मंत्री देवेन्द्र प्रसाद यादव, पूर्व विंग कमांडर रंजीत कुमार, जिला अध्यक्ष डॉ .रजनीश कुमार समाजसेवी डॉ. सोनू शंकर एवं जिला प्रभारी बुलु दास ने आदि ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित कर किया। जन सुराज पार्टी के जिलाध्यक्ष डॉ रजनीश कुमार की अध्यक्षता में आयोजित कार्यक्रम में पूर्व केन्द्रीय मंत्री देवेन्द्र प्रसाद यादव ने कहा कि देश में राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के नेतृत्व में राजनीतिक आजादी मिली, लेकिन आजादी के 77 वर्ष बाद भी सामाजिक और आर्थिक आजादी नहीं मिली है। कहा कि आजादी की रौशनी गांव तक नहीं पहुंच पाई है। आज अधिकांश राजनीतिक दलों द्वारा जनता के मूल मुद्दों से ध्यान भटका कर जातीय गोलबंदी और आर्थिक ध्रुवीकरण कर गांधी, डॉ. लोहिया, जेपी, डॉ. भीमराव अम्बेडकर और भारत रत्न जननायक कर्पूरी ठाकुर जैसे विभूतियों के नामों का उपयोग कर जनता को गुमराह कर वोट हासिल करने का औजार बना लिया है। कहा कि चुनावी साल में घोषणाओं तथा सौगातों की बरसात होने लगी है। अधिकांश दल जनता में लोक लुभावने रेवड़ी बांटने में लग गए हें। समाजवादी आंदोलन तथा जेपी आंदोलन से अर्जित ताकतें गलत हाथों में चले जाने के कारण बिहार सबसे गरीब तथा पिछड़े राज्यों में गिना जा रहा है। आज शिक्षा व्यवस्था की बदहाली, बेरोजगारी की समस्या, बाढ़ सुखाड़ की समस्याएं, किसानों व मजदूरों की फटेहाली, पलायन की समस्याएं, प्रति व्यक्ति आय का कम होना और दिन प्रतिदिन आर्थिक बदहाली बढ़ती जा रही है। कहा कि समाजवाद के बिना जन सुराज की कल्पना नहीं हो सकती है। कार्यक्रम के मौके पर बरौनी उप प्रमुख रूपम देवी, महासचिव ओम प्रकाश यादव, जेपी आंदोलन के सेनानी अशोक सिंह सोलंकी, राज परिषद सदस्य कुमार गौतम, मुखिया अरविंद कुमार महतो, संतोष कुमार कुशवाहा, पूर्व मुखिया कृष्ण मोहन सिंह,बालेश्वर आजाद, नीलकमल निशांत, मजहर अली, अरविंद राय, संगीता देवी, शीला देवी, कौशल किशोर, नंदकिशोर सुमन, अविनाश कुमार सिलू सहित जैन स्वराज के कार्यकर्ता शामिल हुए।


